VAISHALI: कूड़े से नवजात का शव बरामद, डीएम के आदेश पर मेडिकल टीम ने कई नर्सिंग होम में की छापेमारी

करीब तीन दिन पहले नवजात का शव हाजीपुर के एसडीओ रोड स्थित कूड़े के ढेर में मिला था। मामले के संबंध में मेडिकल टीम ने सिटी थाना क्षेत्र के जौहरी बाजार में कई निजी नर्सिंग होम, अल्ट्रासाउंड और टेस्ट हाउस पर छापा मारा (Medical Team Raid On Nursing Homes)। मेडिकल टीम ने छापेमारी के बारे में कुछ भी कहने से इनकार कर दिया। माना जा रहा है कि छापेमारी के दौरान मिले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

डीएम ने दिए जांच के आदेश: 

गौरतलब है कि बीते 27 की सुबह हाजीपुर के वीआईपी रोड में से एक एसडीओ रोड पर नवजात बच्चे का शव मिला था. इस मामले को लेकर डीएम यशपाल मीना (DM Yashpal Meena) ने जांच के आदेश दिए थे. जिसके आलोक में वैशाली सिविल सर्जन डॉ अमरेंद्र नारायण शाही ने मेडिकल विभाग के 5 सदस्यीय टीम को निजी नर्सिंग होम्स सहित अल्ट्रासाउंड और जांच घरों में छापेमारी के लिए भेजा. इस टीम का नेतृत्व एसीएमओ अमिताभ कुमार सिन्हा कर रहे हैं. वे डीएम और सिविल सर्जन को रिपोर्ट करेंगे.

तीन टीमें कर रही हैं जांच

खबरों के मुताबिक जिला स्वास्थ्य विभाग ने तीन अलग-अलग टीमों के साथ मिलकर और छापेमारी करने की योजना बनाई है। ये टीमें शहर के विभिन्न नर्सिंग होम, टेस्टिंग सेंटर और अल्ट्रासाउंड सेंटर की जांच करेंगी। एक टीम का नेतृत्व चिकित्सा अधिकारी अमिताभ कुमार सिन्हा कर रहे हैं।

दूसरी टीम ड्रग इंस्पेक्टर और तीसरी टीम जिला स्वास्थ्य विभाग ने बनाई है। तीनों टीमें अलग-अलग तरीके से जांच करेंगी। इन टीमों की रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

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मामला गंभीर था:

वैशाली डीएम यशपाल मीणा, वैशाली एसपी मनीष, वैशाली सिविल सर्जन अमरिंदर नारायण शाही, हाजीपुर एसडीओ अरुण कुमार और अन्य अधिकारियों को उस सड़क से आना था, जिस पर नवजात का शव मिला था।

यही वजह है कि एसडीओ रोड पर कूड़े के ढेर में नवजात बच्चे का शव मिलने पर अफरातफरी मच गई।

माना जा रहा है कि निजी नर्सिंग होम या किसी और ने मृत नवजात शिशु को ठीक से निपटाने के बजाय कचरे में फेंक दिया।